Wednesday, June 15, 2011

जुगाड़

रसोई बनाने के लिए सामग्री जुटाने की जुगाड़ 
सर्दी के कपडे रखने के लिए अलमारी में
जगह बनाने की जुगाड़ 
कूलरों को खिड़की में फिट करने की जुगाड़ 
एयर कन्डीशन का बिल कम करने की जुगाड़  
घर के लिए लोन लेने की जुगाड़ 
फिर उसे चुकाने की जुगाड़


मेट्रो में बैठने की जगह की जुगाड़ 
यहाँ तक कि 
टी वी का रिमोट भी अक्सर जुगाड़ से चलता है 
टेप लगाकर या थप्पड़ मारकर 
लातों के भूत बातों से नहीं मानते 
सरकार हो या भ्रष्टाचार
मदारी बन्दर को घुमादे दो चार बार
पैसे कमाने की है ये जुगाड़


घड़ी और केलेंडर लगाने के लिए कील ढूंढने की जुगाड़ 
आस पास की हर चीज़ में आपको जुगाड़ नज़र आएगी 
एक गाडी होती है जिसका नाम ही  'जुगाड़ ' होता है 
जेनेरेटर  से चलती है 
जिंदगी भी एक गाडी ही तो है 
धक्का देकर कब तक चलाएंगे 
पेट्रोल तो डालना ही पड़ेगा 

ईमानदारी का हो या बेईमानी का
क्या फर्क पड़ता है 
जुगाड़ तो करनी ही पड़ती है 
मौत की गाडी का तो पता नहीं 
वो तो जुगाड़ से भी रूकती नहीं


27 comments:

  1. aptly said... We have to do this " jugad " almost in everything.
    It was a nice read minoo.... Keep it up !!!

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  2. जुगाड़ का अर्थ है वह विधि जिसमें कम से कम शक्ति का प्रयोग हो चाहें वह आर्थिक हो या मानसिक आज आपने मुझको पुराना शब्द याद दिला दिया , धन्यवाद ..

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  3. bahut khoob.
    agar kavitaa likhne ka jugaad bhee shamil hota to achchhaa hotaa

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  4. meenu di
    aapne to kamal kar diya jugad ke itne rup dikhaye naam ginaaye ki ab unhe likhne ke liye pen aur daiyri ka bhi jugad karna padega -----
    bahut khoob ,bahut hi achhi lagi aapki yah rachna
    bahut bahut badhai
    poonam

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  5. Kitna kuchh kah diya aapne is rachna me...

    poonam ji ka comment bhi bahut khoob hai.

    badhai....!

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  6. बहुत बढ़िया....

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  7. apki ek kavita padi....aur bus padhti hi gayi....kahin ruk nahin payi....janti hain kyun...kyunki aapki kavitain ek aina hai samaj ka....hamare aas-pass ka.....kitni aasani se aap ant main apni baat kah deti hain......bahaut hi khub

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  8.  अस्वस्थता के कारण करीब 20 दिनों से ब्लॉगजगत से दूर था
    आप तक बहुत दिनों के बाद आ सका हूँ,

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  9. di
    aapne bhi bahut dino se koi nai post nahi dali ,koi pareshani to nahi?

    aapki nai post ke intjaar me----
    poonam

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  10. bharat bhushan sardanaJuly 23, 2011 at 10:42 AM

    bahut achha likha aapne.......

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  11. shukriya aap sab ka ,
    poonam : likhti hun kuch , tumhari khatir , khush raho

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  12. JUGAD PAR DUNIYA TIKI HAI....BAHUT SUNDAR PRASTUTI

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  13. बहुत ही बढ़िया।

    -----
    आपकी एक पोस्ट की हलचल आज यहाँ भी है

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  14. बहुत देर से आपकी कविताये पढ़ रहा हूँ , जीवन कि आपबीती में से शब्दों कि पहचान है .. आप बहुत अच्छा और सच्चा लिखती है ....

    आभार

    विजय

    कृपया मेरी नयी कविता " फूल, चाय और बारिश " को पढकर अपनी बहुमूल्य राय दिजियेंगा . लिंक है : http://poemsofvijay.blogspot.com/2011/07/blog-post_22.html

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  15. मैने आपका ब्लॉग देखा बड़ा ही सुन्दर लगा बसु अफ़सोस यही है की मैं पहले क्यों नहीं आ पाया आपके ब्लॉग पे
    कभी आपको फुर्सत मिले तो आप मेरे ब्लॉग पे जरुर पधारे
    http://kuchtumkahokuchmekahu.blogspot.com/
    दिनेश पारीक

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  16. Actually Once a time when RONALD REGAN CAME IN INDIA AND HE SAW THAT EVERY WORK HERE IS COMPLETE WITH JUGAR THAN HE REQUESTED TO SRI ATAL JI THAT HE WANT JUGAR BECAUSE HE WANTED TO TAKE FOR U.S.A.AGAINST A VERY BIG DEAL IN DOLLARS . SO WE CAN,T SAY THE IMPORTANCE OF JUGAR . Every person want that.

    THANKS AND REGARDS
    KARUNESH

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  17. बिल्कुल,
    ये जुगाड तो बनाना ही होता है।

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  18. शब्दों की अद्भुत जादूगिरी...बहुत खूब....

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  19. जिंदगी में जुगाड़ का बहुत महत्व होता है एवं सब कुछ रहते हुए भी कुछ चीजों का जुगाड़ करना पड़ता है । धन्यवाद ।

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  20. बहुत सुन्दर अभिव्यक्ति|

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  21. log to har jagah joogar khojte hai..
    kabhi aisa na ho ki marne ke baad swarglok me v joogar rakhna pade..
    ek achhi aur sundar rachna..
    sadasya ban raha hu..
    apka abhar

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